अगर तुम कहो की ये आंसू न हमारे है,
जो भी है ये वक्त के इशारे हैं,
सोच तुम्हारी घूमे दुनिया सारी -
फिर कहाँ कौन किसके सहारे किनारे हैं ।।
अगर तुम कहो की ये आंसू न हमारे है ,
जो भी है ये वक्त के इशारे हैं ,
मंज़िल करीब ना दूर रूह से सही
रुकना नहीं सिलसिला इरादों में हमारे है।।
जो भी है ये वक्त के इशारे हैं,
सोच तुम्हारी घूमे दुनिया सारी -
फिर कहाँ कौन किसके सहारे किनारे हैं ।।
अगर तुम कहो की ये आंसू न हमारे है ,
जो भी है ये वक्त के इशारे हैं ,
मंज़िल करीब ना दूर रूह से सही
रुकना नहीं सिलसिला इरादों में हमारे है।।
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